बीकानेर में दिखा प्रक्यूपाइन

हैलो बीकानेर न्यूज़। इस संसार में ना जाने कितने प्रकार के जानवर पाए जाते है। कुछ जानवर तो ऐसे होते है जिनको हमने जिन्दगी में पहले कभी देखा ही नहीं होता। आज बीकानेर में भी कुछ ऐसा ही हुआ बीकानेर के पुष्करणा स्टेडियम के पास स्थित स्वामी मोहल्ले में आज सुबह दिखे अजीबो-गरीब जानवर को आखिरकार वन विभाग की टीम ने पकड़ लिया। वन विभाग टीम बोरी में बंद कर इस जंगली जानवर को अपने साथ ले गई। वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि इस जनवार को गजनेर के जंगल पार्क में छोड़ा जाएगा। इस जानवर को देशी भाषा में सेळी कहते है और इसे अंग्रेजी में प्रक्यूपाइन और हिन्दी में सेही कहा जाता है।

प्रक्यूपाइन के बारे में जाने 

इसकी लंबाई 63-91 से.मी., पूँछ की लंबाई 15-30 से.मी. और वज़न 5-16 कि. होता है। इसके शरीर के बाल मोटे, मज़बूत और नुकीले होते हैं जो इसे परभक्षियों से बचने में मदद करते हैं। इन बालों को सेही के काँटे भी कहते हैं। सेही के शरीर हिलाने पर यह काँटे झड़ते हैं, लेकिन यह धारणा ग़लत है कि सेही इन काँटों को अपने दुशमन पर फेंक सकता है भारतीय सेही एक कृंतक जानवर है। इसका फैलाव तुर्की, भूमध्य सागर से लेकर दक्षिण-पश्चिम तथा मध्य एशिया (अफ़गानिस्तान और तुर्कमेनिस्तानसहित) एवं दक्षिण एशिया (पाकिस्तान, भारत, नेपाल तथा श्रीलंका) और चीन तक में है। हिमालय में यह 2400 मी. तक की ऊँचाई में पाया जाता है

आहार

यह एक शाकाहारी प्राणी है जो पत्ती, घास और छोटे पौधे खाता है।

इस अजीबो-गरीब जानवर को देखने के बाद मोहल्ले के लोग दहशत का माहौल बना हुआ था। इस जानवर को देखने के बाद मोहल्ले के निवासी घर से बाहर नहीं निकल रहे थे। जैसे ही वन विभाग के सहायक वनपाल मनोहर लाल शर्मा के नेतृत्व में दस्ते ने मौके पर पहुंचकर सुरक्षित तरीके से सेही नामक जनवार को अपने कब्जे में लिया तक जाकर मोहल्ले के लोगों ने चैन की सांस ली।

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