श्रीकोलायत में गूंजी कबीर-नानक वाणी, दिया साम्प्रदायिक सद्भाव का संदेश

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तेरी काया नगर को कौन धणी, मारग में लूटै पांच जणी
हैलो बीकानेर, 14 नवम्बर। महर्षि कपिल की तपोभूमि श्रीकोलायत सोमवार को कार्तिक पूर्णिमा की चांदनी और ‘राजस्थान कबीर यात्रा’ के चलते स्नान, भक्ति, और ध्यान की भावना से सराबोर हो गई। हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने सांख्य दर्शन के प्रणेता महर्षि कपिल की तपोभूमि स्थित कपिल सरोवर में भक्ति-भाव से डुबकी लगाई और पांच शताब्दी से अधिक प्राचीन मंदिर में दर्शन किए, तो चंद्रमा की शीतल चांदनी में देश और दुनिया के विख्यात कलाकारों ने कबीर, मीरा, बुल्ले-शाह और गोरखनाथ जैसे सूफी संतों की वाणी से साम्प्रदायिक सद्भाव और आध्यात्मिक प्रेम का संदेश दिया।
लोकायन संस्था, बीकानेर पुलिस और पर्यटन विभाग द्वारा भंवर-नरसी-पूनम कुलरिया परिवार मूलवास के आर्थिक सौजन्य से आयोजित ‘राजस्थान कबीर यात्रा 2016’ के चैथे दिन श्रीकोलायत के तहसील प्रांगण में बीकानेर के वाणी गायक शिवजी-बद्री सुथार ने ‘ंरूणक झुणक पग नेवर बाजे’ के साथ भक्ति-काव्य शास्त्रीय गायन के अलावा वाणी गायन परम्परा को साकार कर दिया। उन्होंने गुरूनानक की वाणी ‘मानुष देह बहुरि नहीं पावत, कछु उपाय मुक्ति का कर रे’ के माध्यम से हजारों की संख्या में मौजूद श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
बैंगलुरू स्थित कबीर प्रोजेक्ट की निदेशक शबनम विरमानी और विपुल रिखि ने पांच तारों वाले तंबूरा बजाकर कबीर और अन्य संतों की वाणियों को अद्भुत गायकी में ढालकर प्रस्तुत किया। उन्होंने ‘तेरी काया नगर का कौन धणी, मारग में लूटै पांच जणी’ गाकर समा बांध दिया। अंतर्राष्ट््रीय ख्याति प्राप्त मदनगोपाल सिंह एवं ‘चार यार’ ग्रुप ने तबला, गिटार, सरोद और गायन के समग्र प्रभाव में बुल्ले शाह, गुलाम फरीद और वारिस शाह जैसे संतों की वाणी को जीवंत कर दिया। कबीर गायन के मौजूदा परिदृश्य में सशक्त लोक गायक पद्मश्री प्रहलाद सिंह टिपान्या ने एक सशक्त लोक गायक के रूप में प्रभावी प्रस्तुतियां देकर श्रोताओं की जमकर तालियां बटोरीं।
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कार्यक्रम में राजस्थान बाल संरक्षण आयोग की अध्यक्ष मनन चतुर्वेदी, कोलायत विधायक भंवर ंिसह भाटी, प्रधान जयवीर सिंह, जिला कलक्टर वेदप्रकाश, पुलिस अधीक्षक डाॅ. अमनदीप सिंह कपूर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण सतनाम सिंह, उपखण्ड अधिकारी जयसिंह मेघवाल सहित बड़ी संख्या में देशी-विदेशी पर्यटक एवं ग्रामीण मौजूद थे। कार्यक्रम का संचालन संजय पुरोहित ने किया।