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जयपुर hellobikaner.com कोरोना संकट के बीच किसानों को राहत देने के लिए मुख्यमंत्री की पहल पर शुरू की गई निःशुल्क ट्रेक्टर एवं कृषि यंत्र किराए पर उपलब्ध करवाने की योजना से प्रदेश में अब तक साढ़े बारह हजार जरूरतमंद किसानों को लाभ मिल चुका है। एक माह से भी कम अवधि में इन काश्तकारों को 40 हजार घण्टे से अधिक की मुफ्त सेवा दी जा चुकी है। यह सेवा आगामी 30 जून तक जारी रहेगी।

कृषि मंत्री लालचन्द कटारिया ने बताया कि जरूरतमंद पात्र किसानों की ओर से मांग आने पर टैफे कम्पनी की ओर से सेवा दी जा रही है। अप्रेल मध्य से अब तक 17 हजार पात्र काश्तकारों के ऑर्डर स्वीकार किए गए हैं। इनमें से साढ़े बारह हजार किसानों को 40 हजार घंटों से अधिक की सेवा मुहैया कराई जा चुकी है।

कृषि मंत्री कटारिया ने बताया कि योजना से विभागीय अधिकारियों की सक्रियता एवं किसानों की जागरूकता के चलते बहुत अच्छे परिणाम मिले हैं। इस मामले में शुरू से ही सीकर जिला सबसे आगे रहा है, जहां पर 2 हजार 344 किसानों ने 9 हजार से अधिक घण्टों की सेवा ली है। इसी प्रकार अलवर में 1880 किसानों को 5796, जयपुर में 1162 किसानों को 3557, भरतपुर में 965 किसानों को 2390, अजमेर में 660 किसानों को 2161 घण्टे की सेवा दी जा चुकी है। इसी तरह बारां के 660 काश्तकारों को 1638, झालावाड़ के 644 किसानों को 2620, झुंझुनूं के 625 किसानों को 2051, जोधपुर के 617 किसानों को 1946, नागौर के 592 किसानों को 2243, टोंक के 535 किसानों के 1841, करौली के 498 किसानों के 1322 घण्टे की सेवा मुहैया कराई गई है।

कृषि मंत्री ने योजना से किसानों को मिल रहे लाभ के प्रति संतोष व्यक्त करते हुए अधिकारियों को ज्यादा से ज्यादा पात्र किसानों को फायदा पहुंचाने के निर्देश दिए हैं। श्री कटारिया ने जरूरतमंद पात्र किसानों से भी इस योजना का अधिकाधिक लाभ उठाने का आह्वान किया है।

उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कोरोना संक्रमण एवं लॉक डाउन के चलते कृषि कायोर्ं में आ रही कठिनाई को देखते हुए आर्थिक रूप से कमजोर लघु एवं सीमांत किसानों को फसल कटाई, थ्रेसिंग एवं अन्य कृषि गतिविधियों के लिए निःशुल्क ट्रेक्टर एवं कृषि यंत्र किराए पर उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए थे। इस पर विभागीय अधिकारियों ने कृषि यंत्र निर्माता टैफे कम्पनी से समन्वय कर यह सुविधा शुरू करवाई थी। पात्र किसान 9282222885 नम्बर पर एसएमएस भेजकर लाभ ले सकते हैं।