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हैलो बीकानेर,श्रीगंगानगर। कपड़ा व्यवसाय पर प्रस्तावित जीएसटी के विरोध में तीन दिवसीय राष्ट्रव्यापी आह्वान के तहत श्रीगंगानगर शहर व जिले के सभी कस्बों व मण्डियों में कपड़ा व्यवसायियों ने मंगलवार से आंदोलन शुरू कर दिया। बंद के पहले ही दिन श्रीगंगानगर में एक कपड़ा विक्रेता की खुली हुई दुकान को बंद करवाने को लेकर झड़प हो गई, जिसमें दो जने घायल हो गये। इससे पहले कि यह विवाद और बढ़ता, पुलिस ने मौके पर आकर स्थिति को सम्भाल लिया। दोनों पक्ष कोतवाली में पहुंचे, जहां आपसी बातचीत से मामला सुलट गया। पुलिस ने बताया कि किसी भी पक्ष ने कोई रिपोर्ट दर्ज नहीं करवाई। इससे पहले शहर के मुख्य बाजार प्रताप मार्केट में कपड़ा व्यापारियों ने धरना लगाया। थोक विक्रेता संघ द्वारा लगाये गये इस धरने में न्यू क्लॉथ मार्केट एसोसिएशन, साड़ी एसोसिएशन तथा रिटेल कपड़ा व्यवसाय एसोसिएशन के पदाधिकारी भी शामिल हुए। धरनास्थल पर हुई सभा को थोक विक्रेता संघ के अध्यक्ष रामप्रकाश मिड्ढा, न्यू क्लॉथ मार्केट एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रवीन बलाना, महासचिव विजय मित्तल, रिटेल कपड़ा एसोसिएशन के सुनील जैन आदि ने सम्बोधित किया। धरने में नरेश बड़ोपलिया, गोपाल छाबड़ा, विष्णु बंसल, जगदीश खुराना, दौलतराम खुंंगर, अतुल मंगल आदि बड़ी संख्या में व्यापारी शामिल हुए। संयुक्त व्यापार मण्डल ने इस हड़ताल का समर्थन किया है। मण्डल के अध्यक्ष तरसेम गुप्ता, महामंत्री नरेश सेतिया, सचिव संदीप अनेजा और संरक्षक कृष्ण मील आदि भी धरनास्थल पर पहुंचे। श्रीगंगानगर में थोक विक्रेताओं की लगभग अढ़ाई सौ दुकाने हैं, जिनके आज ताले तक नहीं खुले। कुछ एक रिटेल दुकानें तथा ब्रांडेड कम्पनी के शोरूम अवश्य खुले देखे गये। इस बंद के दौरान दोपहर को व्यापारियों की एक टोली बाजारों मेंं घूमकर दुकानों को बंद करवा रही थी। इस दौरान बीरबल चौक के समीप अरोड़वंश मन्दिर मार्केट में एक रिटेल दुकान को बंद करवाना चाहा, तो झड़प हो गई। बंद समर्थकों व दुकान के संचालकों में मारपीट हो गई, जिसमें दुकानदार रमेश गर्ग सहित दो जने घायल हो गये। सूचना मिलते ही एएसआई भरतप्रसाद दलबल सहित मौके पर पहुंचे। तब तक बंधक बंद समर्थक वहां से निकल चुके थे, लेकिन बाद में उन्हें बातचीत करने के लिए कोतवाली में बुलाया गया। देर शाम पुलिस ने बताया कि इन दोनों पक्षों में आपसी राजीनामा हो गया।एक मोटे अनुमान के अनुसार आज पहले ही दिन श्रीगंगानगर जिले में कपड़ा व्यवसायियों की इस हड़ताल से लगभग 15 करोड़ का कारोबार प्रभावित हुआ है।

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